लखनऊ में 'Cy-Vajra' अभियान का बड़ा धमाका: साइबर फ्रॉड के 'म्यूल अकाउंट' गिरोह का भंडाफोड़, 3 आरोपी गिरफ्तार; 13 राज्यों से जुड़े तार
लखनऊ। राजधानी लखनऊ की विकासनगर पुलिस ने साइबर ठगों के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत एक बड़ी कामयाबी हासिल की है। पुलिस ने साइबर अपराध में इस्तेमाल होने वाले म्यूल अकाउंट (Mule Account) उपलब्ध कराने और मनी लॉन्ड्रिंग करने वाले गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए 3 शातिर अपराधियों को दबोचा है। पकड़ा गया गिरोह देशभर में होने वाली साइबर ठगी की रकम ठिकाने लगाने का काम करता था।
🚨 दबोचे गए आरोपी और अपराध का तरीका
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान सैफ, रेहान खान और नीरज शर्मा के रूप में हुई है। जांच में सामने आया कि यह गिरोह देश भर के ऑनलाइन ठगों से साठगांठ कर अपने पास मौजूद बैंक खातों में फ्रॉड का पैसा ट्रांसफर करवाता था। इसके बाद तय कमीशन काटकर बाकी रकम नकद निकाल ली जाती थी या अन्य फर्जी खातों में भेज दी जाती थी, जिससे पैसे को ट्रेस करना मुश्किल हो जाता था।
📊 अब तक 16.22 लाख रुपये की ठगी का खुलासा
पुलिस की शुरुआती पड़ताल में बेहद चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं:
- वित्तीय लेनदेन: गिरोह के खातों में अब तक ₹16.22 लाख रुपये से अधिक की साइबर ठगी का संदिग्ध लेनदेन पाया गया है।
- 13 राज्यों में फैला जाल: आरोपियों के तार देश के 13 राज्यों में दर्ज 20 से ज्यादा साइबर अपराध शिकायतों (NCRP Portal Complaints) से सीधे जुड़े मिले हैं।
- 'Cy-Vajra' ऑपरेशन: यह बड़ी सफलता विकासनगर पुलिस टीम को साइबर अपराधियों के खिलाफ चल रहे स्पेशल अभियान 'Cy-Vajra' के तहत मिली है।
🔍 सरगना की तलाश में छापेमारी जारी
पुलिस की टीमें अब आरोपियों के मोबाइल फोन, डिजिटल डॉक्यूमेंट्स, बैंक खातों के स्टेटमेंट और नेटवर्क से जुड़े अन्य सहयोगियों की कुंडली खंगाल रही हैं। मुख्य सरगनाओं को दबोचने के लिए पुलिस की कई टीमें लगातार दबिश दे रही हैं।
📢 लखनऊ पुलिस की आम नागरिकों से जरूरी सावधानियां व अपील:
1. किसी भी अनजान या परिचित व्यक्ति के कहने पर अपना बैंक खाता, एटीएम (ATM) कार्ड, चेकबुक या इंटरनेट बैंकिंग क्रेडेंशियल किसी को न दें। ऐसा करना अनजाने में आपको गंभीर कानूनी और आपराधिक मुसीबत में डाल सकता है।
2. यदि आपके साथ किसी भी प्रकार की वित्तीय या ऑनलाइन धोखाधड़ी होती है, तो बिना समय गंवाए तुरंत राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन 1930 पर कॉल करें या cybercrime.gov.in पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं।


0 टिप्पणियाँ