नवयुग कन्या महाविद्यालय में दीपावली मेले का भव्य आयोजन: अपर्णा यादव रहीं मुख्य अतिथि, संस्कृति, स्वदेशी और महिला सशक्तिकरण की दिखी अनूठी छटा
लखनऊ: प्रकाश पर्व दीपावली के पावन उपलक्ष्य में राजेंद्र नगर स्थित नवयुग कन्या महाविद्यालय में भव्य ‘दीपावली मेला’ आयोजित किया गया। यह रंगारंग आयोजन रंग दे बसंती संस्था एवं महाविद्यालय की अहिल्याबाई होलकर सांस्कृतिक समिति के संयुक्त तत्वावधान में संपन्न हुआ। पारंपरिक भारतीय संस्कृति, छात्राओं की रचनात्मकता और उत्सव के उल्लास से पूरा महाविद्यालय परिसर आलोकित हो उठा। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की उपाध्यक्ष एवं भाजपा नेत्री अपर्णा यादव उपस्थित रहीं।
📌 नवयुग दीपावली मेला: प्रमुख आकर्षण एवं बिंदु
- गरिमामयी उपस्थिति: राज्य महिला आयोग की उपाध्यक्ष अपर्णा यादव, संगीत नाटक अकादमी की उपाध्यक्ष विभा सिंह एवं प्रधान संघ अध्यक्ष (माल) संयोगिता सिंह चौहान रहीं विशिष्ट अतिथि।
- दिव्यांग बच्चों की आत्मनिर्भरता: ‘आशा ज्योति’ एवं ‘पायसम’ मुबारकपुर द्वारा संचालित साड़ियों व हस्तशिल्प के स्टॉल बने मेले का विशेष केंद्र।
- स्वदेशी व इको-फ्रेंडली थीम: मिट्टी के दीये, हस्तनिर्मित तोरण, प्राकृतिक रंगोली और घरेलू व्यंजनों के स्टॉलों ने दिया पर्यावरण संरक्षण का संदेश।
- ओपन माइक व नकद पुरस्कार: रंग दे बसंती संस्था के संयोजन में ओपन माइक सत्र आयोजित हुआ, जिसमें प्रतिभागी छात्राओं को नकद पुरस्कारों से नवाजा गया।
- सांस्कृतिक समागम: संगीत नाटक अकादमी की उपाध्यक्ष विभा सिंह ने सुंदर भजन प्रस्तुत कर पूरे वातावरण को भक्तिमय बना दिया।
📊 नवयुग दीपावली मेला 2026: एक दृष्टि में
| मानक / विवरण | तथ्य एवं मुख्य विशेषताएं |
|---|---|
| आयोजनकर्ता | अहिल्याबाई होलकर सांस्कृतिक समिति (नवयुग कॉलेज) एवं रंग दे बसंती संस्था |
| मुख्य अतिथि | श्रीमती अपर्णा यादव (उपाध्यक्ष, उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग) |
| विशिष्ट अतिथि | विभा सिंह (उपाध्यक्ष, संगीत नाटक अकादमी), संयोगिता सिंह चौहान (प्रधान संघ अध्यक्ष, माल) |
| अध्यक्षता | प्रोफेसर मंजुला उपाध्याय (प्राचार्या, नवयुग कन्या महाविद्यालय) |
| विशेष स्टॉल्स | दिव्यांग बच्चों द्वारा संचालित ‘आशा ज्योति’ व मुबारकपुर साड़ियां; इको-फ्रेंडली तोरण व दीये |
‘हर क्षेत्र में अपनी क्षमता का परचम लहरा रहीं बेटियां’: अपर्णा यादव
मेले का औपचारिक शुभारंभ अतिथियों द्वारा फीता काटकर, दीप प्रज्वलन एवं मां सरस्वती की वंदना के साथ हुआ। वैदिक परंपरा के अनुसार अतिथियों का रोली-चावल से तिलक कर स्वागत किया गया तथा उन्हें स्मृति चिह्न, पौधे व अंगवस्त्र भेंट किए गए।
“आज हमारी बेटियां प्रत्येक क्षेत्र में अपनी मेधा और कौशल के दम पर नई पहचान स्थापित कर रही हैं। ऐसे सांस्कृतिक और रचनात्मक मेले छात्राओं में उद्यमिता, आत्मविश्वास और नेतृत्व क्षमता को विकसित करते हैं। शिक्षण संस्थानों में इस तरह के आयोजनों की निरंतरता बेहद आवश्यक है।”
— अपर्णा यादव (उपाध्यक्ष, उप्र राज्य महिला आयोग)
विरासत, आंतरिक ऊर्जा और श्री राम के आदर्शों का स्मरण
विशिष्ट अतिथि विभा सिंह ने भारतीय परंपराओं को अक्षुण्ण रखने पर बल दिया और मधुर भजन प्रस्तुत कर सभी का मन मोह लिया। उन्होंने कहा कि सांस्कृतिक विरासत को नई पीढ़ी तक पहुंचाना हम सबका दायित्व है।
अटारी ग्राम प्रधान एवं प्रधान संघ अध्यक्ष (माल) संयोगिता सिंह चौहान ने विचार रखते हुए कहा कि दीपोत्सव केवल दीपों का बाहरी उत्सव नहीं, बल्कि यह अंतर्मन में सकारात्मक ऊर्जा और नई प्रेरणा के संचार का पर्व है।
महाविद्यालय की प्राचार्या प्रो. मंजुला उपाध्याय ने छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि प्रभु श्री राम के अयोध्या आगमन की स्मृति में सदियों से मनाया जाने वाला यह पर्व हमें मर्यादा, त्याग और सत्य के मार्ग पर चलने का संदेश देता है। ऐसे आयोजनों से छात्राओं में भारतीय जीवन मूल्यों के प्रति आदर बढ़ता है।
जेन-जी और संस्कृति का तालमेल: ओपन माइक में बही प्रतिभा की धारा
रंग दे बसंती संस्था के समन्वयक विश्वदीप ने बताया कि संस्था का उद्देश्य आज की युवा पीढ़ी (Gen-Z) के विचारों और आकांक्षाओं को समझकर उन्हें रचनात्मक गतिविधियों और भारतीय संस्कृति से जोड़ना है। संस्था के अविका सिंह चौहान एवं चंद्र भूषण बारोड के सहयोग से ओपन माइक सत्र का सफल संचालन हुआ, जिसमें गायन, कविता और अभिव्यक्ति की प्रतियोगिताओं में विजयी छात्राओं को नकद पुरस्कार दिए गए।
मेले के सफल आयोजन में अहिल्याबाई होलकर सांस्कृतिक समिति की समन्वयक प्रो. सीमा सरकार, प्रो. सीमा पांडे, डॉ. स्नेहा चौधरी, डॉ. अणिमा अवस्थी, डॉ. रीमा छाबड़ा, डॉ. अपूर्वा अवस्थी, डॉ. क्षितिज शुक्ला, डॉ. सुकन्या तिवारी, डॉ. गरिमा मिश्रा एवं डॉ. किरण पांडे सहित समस्त शिक्षिकाओं की सक्रिय भूमिका रही।
समारोह में कृष्णा देवी गर्ल्स कॉलेज की प्राचार्या सारिका दुबे, नवयुग इंटर कॉलेज की प्रधानाचार्या सीमा सिंह, समाजसेवी पुनीता भटनागर और एपी सेन कॉलेज की शिक्षिकाएं भी विशेष रूप से उपस्थित रहीं।





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